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Trump on Hormuz: अगर होर्मुज पर अमेरिका ने किया कब्जा तो भारत पर क्या होगा असर, ट्रंप ऐंठेंगे हमारे अरबों डॉलर?

2 days ago

Trump on Hormuz: ईरान और यूएस के बीच युद्धविराम अब खत्म हो चुका है. दोनों देशों के बीच अब एक बार फिर से घमासान शुरू हो गया है. ऐसे में एक बार फिर से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज भी संकट में है. इस युद्ध के दौरान ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड जे ट्रंप लगातार ऐसे बयान दे रहे हैं, जो अन्य देशों के बीच भी तनाव की स्थिति पैदा कर रहे हैं. ऐसे में यदि अमेरिका ने होर्मुज पर कब्जा कर लिया तो भारत का क्या होगा?

ट्रंप का बयान
दरअसल हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ऐलान किया कि अमेरिका फिर से ईरान के पोर्ट्स की समुद्री नाकेबंदी करेगा. उन्होंने प्रस्ताव दिया है कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से गुजरने वाले दूसरे देशों के व्यापारिक जहाजों से माल की कीमत का 20% शुल्क वसूला जाएगा. ट्रंप का कहना है कि अमेरिका इस महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते की सुरक्षा करता है, इसलिए उसे इसके बदले भुगतान मिलना चाहिए.

हालांकि, कुछ देर बाद ही ट्रंप अपने बयान से पलट गए और इस बयान को वापस ले लिया. जिसके बाद उन्होंने इसके बदले खाड़ी सहयोग परिषद में शामिल देशों के साथ व्यापार और इनवेस्टमेंट से जुड़े बड़े-बड़े समझौते करने का फैसला कर लिया है. लेकिन फिर भी भारत के लिए चिंता का विषय ये है कि यदि अमेरिका ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर कब्जा किया तो इसका असर क्या होगा.

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अमेरिका का कब्जा, भारत पर असर!
भारत अपनी जरूरत का 85% से ज्यादा कच्चा तेल आयात करता है. इसका बड़ा हिस्सा इराक, सऊदी अरब, यूएई, कुवैत और कतर जैसे खाड़ी देशों से आता है और ज्यादातर तेल स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से होकर गुजरता है. अगर इस रास्ते पर शुल्क बढ़ता है या तनाव बढ़ता है, तो भारत का तेल आयात महंगा हो सकता है.

तेल के बढ़ सकते हैं दाम
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के रस्ते पर टोल लगने से पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर दबाव बढ़ सकता है, महंगाई बढ़ सकती है और माल ढुलाई का खर्च भी बढ़ सकता है. सरकारी तेल कंपनियों जैसे IOCL, BPCL और HPCL की खरीद लागत भी बढ़ सकती है. तेल, माल ढुलाई की कीमतें बढ़ेंगी तो जाहिर सी बात है कि महंगाई दर भी लगातार बढ़ेगी ही. इससे देश की अर्थव्यवस्था भी हिल जाएगी. ऐसे में ये भारत के लिए काफी चिंता का विषय है.

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