Language Settings
Select Website Language
newshunt
newshunt

Machail Mata Mandir: जम्मू के मचैल माता मंदिर के पट खुले, अब दर्शन के लिए नया नियम लागू, ऐसे मिलेगी अनुमति

1 month ago

Jammu Machail Mata Mandir: जम्मू के किश्तवाड़ जिले में पवित्र माता मचैल के मंदिर को दर्शनों के लिए खोला गया है. पिछले साल अगस्त महीने में किश्तवाड़ जिले के चिशोती में माता मचैल के मंदिर के पास बादल फटने से 69 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई थी. 

मचैल माता मंदिर में दर्शन फिर से शुरू

किश्तवाड़ जिले की मचैल घाटी के आध्यात्मिक क्षेत्र में स्थित पवित्र श्री मचैल माता मंदिर, बैसाखी के शुभ अवसर पर तीर्थयात्रियों के लिए फिर से खोल दिया गया. इसके साथ ही वार्षिक श्री मचैल माता यात्रा 2026 की शुरुआत भी हो गई.

इस धार्मिक आयोजन के दौरान, धार्मिक अनुष्ठानों और एक भव्य मेले के बीच, भक्तों की भारी भीड़ के बीच देवी मचैल माता (दुर्गा) की मूर्ति को स्थानीय पुजारी पहलवान सिंह के घर से मुख्य मंदिर में स्थानांतरित किया गया.

प्रशासन के अनुसार बिना पंजीकरण के किसी को भी प्रवेश की अनुमति नहीं दी जाएगी. इसके लिए गौरी शंकर मंदिर सरकोट और गुलाबगढ़ में मौके पर ही पंजीकरण के लिए काउंटर स्थापित किए जाएंगे. यह जानकारी दी गई कि अनुमति प्राप्त होने के बाद हेलीकॉप्टर सेवाएं भी शुरू की जाएंगी.

 मचैल माता मंदिर का महत्व

श्री मचैल माता यात्रा का गहरा धार्मिक महत्व है और यह हर साल पूरे देश से लाखों श्रद्धालुओं को अपनी ओर आकर्षित करती है. संभागीय आयुक्त ने सभी तीर्थयात्रियों से अपील की कि वे प्रशासन द्वारा जारी किए गए दिशा-निर्देशों और सुरक्षा संबंधी निर्देशों का पूरी तरह से पालन करें.

मंदिर का इतिहास

इस मंदिर का इतिहास 1834 ई. में हुई जोरावर सिंह कालूरिया की लद्दाख विजय से जुड़ा माना जाता है. मान्यताओं के अनुसार युद्ध पर जाने से पहले उन्होंने मचैल माता का आशीर्वाद लिया था और विजय के बाद वो माता के गहरे भक्त बन गए.

हर साल अगस्त महीने में यहां मचैल माता की पवित्र यात्रा आयोजित होती है, जिसमें दूर दूर से बड़ी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए पहुंचते हैं. साल 1987 में भद्रवाह के ठाकुर कुलवीर सिंह ने ‘छड़ी यात्रा’ की शुरुआत की थी. यह यात्रा भद्रवाह के चिनोट से शुरू होकर मचैल तक जाती है और अब यह एक प्रमुख धार्मिक परंपरा बन चुकी है.

Guru Bhairavaikya Mandira: कर्नाटक के गुरु भैरवैक्य मंदिर की क्या है खासियत, आज पीएम मोदी ने किया उद्घाटन

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें. 

Click here to Read More
Previous Article
Washing Machine Stain Problem: क्या आपकी वॉशिंग मशीन भी लगा रही कपड़ों पर दाग, जानें क्यों होता है ऐसा?
Next Article
Heat Impact On Sperm Quality; गर्मियों में धूप में बाइक खड़ी करने से पहले 100 बार सोचना, वरना नहीं बन पाओगे पापा

Related जीवन शैली Updates:

Are you sure? You want to delete this comment..! Remove Cancel

Comments (0)

    Leave a comment